Modi Ki Note app se Download Kaise Kare 2000 Notes Scan App

गौरतलब है कि 8 नवंबर को प्रधानमंत्री ने 500 और 1000 के पुराने नोट बंद करने और 500-2000 की नई करेंसी शुरू करने की घोषणा की थी। बैंकों से दो हजार के नोट मिलने शुरू हो गए हैं। नए नोट में टेक्नालाजी के भरपूर इस्तेमाल की बात हो रही है। गूगल प्ले स्टोर पर जाकर इस ऐप को डाउनलोड किया जा सकता है।

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modi keynote

ऐप को डाउनलोड करने के बाद फंक्शन पूरा होते ही कैमरा एक्टीवेट हो जाता है। कैमरे से 2000 का नोट स्कैन करने पर पीएम मोदी के भाषण का वीडियो चलने लगता है। इसका इस्तेमाल करने वाले लोगों का कहना है कि इस ऐप से नकली और असली नोटों की पहचान की जा सकती है। इसी उत्सुकता में ऐप के यूजर्स की संख्या बढ़ती जा रही है। ऐप के

इसके लिए आपको पहले अपने एंड्रायड फोन में ‘मोदी कीनोट’ ऐप डाउनलोड करना होगा।

  • ऐप को इंस्टाल कर ‘मोदी की नोट’ पर क्लिक करें।
  • 2000 का नोट लें और उसे कैमरे से स्कैन करें।
  • स्कैन के बाद नोट पर दिखेगा मोदी का वीडियो।
  • इसके अलावा यदि हम इस परिक्षण को 100, 500 और 1000 के नोट के ऊपर करते हैं तो यह ऐप काम नहीं करता लेकिन जैसे ही कैमरे को 2000 के नोट के ऊपर लेकर जाते हैं तभी नोट पर मोदी की नोट प्रतिबंध की स्पीच शुरू हो जाती है।

    ध्यान दें: इस ऐप के जरिए नोट के असली-नकली होने के पहचान की पुष्टि नहीं करता

प्रैंक के लिए है ये एपइस मोबाइल एप से सिर्फ प्रैंक किया जा सकता है। लेकिन बहुत से लोग इस एप को यह कहकर प्रचारित करने में लगे हुए हैं कि इसके जरिए असली और नकली नोटों में की पहचान की जा सकती है। सोशल मीडिया पर यह भी यह अफवाह वायरल हो चुकी है कि 500 और 2000 रूपए के नए नोट असली हैं या नकली, इस बात का पता Modi Keynote एप के जरिए लगाया जा सकता है। अफवाहों में कहा जा रहा है कि अगर नोट पर विडियो प्ले हो तो समझो कि नोट असली है। जबकि हकीकत यह है कि न सिर्फ यह एप बल्कि इस तरह के अन्य सभी एप प्रैंक के लिए हैं। ये एप्स करंसी की वैधता की जांच नहीं कर सकते।

ऐसे काम करता है Modi Keynote एप

Modi Keynote एप मोबाइल फोन के कैमरे को इस्तेमाल करते हुए नोटों को स्कैन करता है। अगर सामने 500 और 2000 का नोट होता है तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भाषण का वह विडियो प्ले होने लगता है, जिसमें उन्होंने पुराने नोटों को बैन करने का ऐलान किया था। आपको बता दें कि एप प्रैंक एप को इस तरह से डेवलप किया गया है कि स्कैन होने पर नए नोट का रंग और डिजाइन नजर आए तो विडियो प्ले होने लगे। मगर यह एप असली और नकली नोट का फर्क पता करने में सक्षम नहीं है।

हटा दिया था प्ले स्टोर से Modi Keynote

एप को गूगल प्ले स्टोर से हटा दिया गया था, लेकिन अब Modi Keynote (Prank App) के नाम से उपलब्ध है। इस एप को डेवपल करने वाले Barra Skull Studios ने लिस्टिंग में कई जगह पर बताया है कि यह फेक एप है और इसका यूज केवल प्रैंक के लिए है। उसने लोगों से गुजारिश की है इस एप को करंसी चेक करने के लिए इस्तेमाल न करें। इसके डिस्क्लेमर में भी कहा गया है कि यह सिर्फ मनोरंजन के लिए है।रहें सावधानइस के अलावा भी प्ले स्टोर पर अन्य कई सारे एप्स मौजूद हैं, जो करंसी को चेक करने का दावा करते हैं, लेकिन ऐसा वास्तव में नहीं हो सकता है। इसलिए सावधान रहें कि यदि आपको असली और नकली नोट में फर्क पता नहीं चले तो किसी जानकार व्यक्ति की मदद लें। एक बार असली नोट के फीचर्स देखकर उन्हें याद कर लें। ऐसे मोबाइल एप्स पर बिल्कुल भी भरोसा न करें जो करंसी को चेक करने का दावा करते है।